23 मार्च से एमपी के छतरपुर में केन बेतवा लिंक परियोजना को लेकर विरोध हो रहा है, यह विरोध प्रदर्शन चिता आंदोलन के नाम से जाना जा रहा है,इसमें पुरुष और महिलाएं अपनी चिता बनाकर लेट गए हैँ और न्याय की मांग कर रहे हैँ। इस परियोजना से लगभग 24 गांव के आदिवासी प्रभावित होंगे और उनकी जीविका, आवास और ज़मीन नष्ट हो जायेंगे, आदिवासी ज़मीन के बदले ज़मीन, पलायन को रोकने और सही पुनर्वास की मांग कर रहे हैँ, लेकिन यह परियोजना 10.62 लाख हेक्टेयर भूमि की सिंचाई और 62 लाख लोगों को पेयजल पहुँचाने और बुंदेलखंड के सामाजिक-आर्थिक परिदृश्य को बदलने का वादा कर रही है। साथ ही आदिवासियों की मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है।

- बोशल
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April 21, 2026
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